शनिवार, 4 अक्टूबर 2008

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 9 -- तेरहवाँ अध्याय

chapter 9 -- नौवाँ अध्याय

श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का नौवाँ अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 14-- तेरहवाँ अध्याय

chapter 14 -- चौदहवाँ अध्याय

chapter 14 -- श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का चौदहवाँ अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 17 - हवाँ अध्याय

chapter 17 -- सत्रहवाँ अध्याय

chapter 17 -- श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का सत्रहवाँ अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 18 - रहवाँ अध्याय

chapter 18 --अठारहवाँ अध्याय

chapter 18 -- श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का अठारहवाँ अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। यह दो भागों में है। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.
भाग 1
भाग 2

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 6 -अध्याय

chapter 6 -- छठवाँ अध्याय

chapter 6 -- श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का छठवाँ अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.

Geeta Recital by Dr. Balram Agnihotri chapter 1 - अध्याय

chapter 1 -- पहला अध्याय

chapter 1 -- श्रीमद्भगवद्गीता तथा दुर्गा सप्तशती हमारे पाठ ग्रंथ हैं अर्थात् घर घर में इनके पाठ का चलन है जो हमारी संस्कृति का अभिन्न अंग है। गीता का पहला अध्याय आप यहाँ देख व सुन सकते हैं। पाठ किया है पूज्य पिताजी प्रो. डॉ बलराम सदाशिव अग्निहोत्री ने। तब वह 86 वर्ष की आयु के थे। उन्हे पूरी गीता करीब करीब कंठस्थ थी और हम बच्चों को भी वही संस्कार दिया। उनकी बाबत जानकारी के लिये देख सकते हैं उनका ब्लॉग.